छत्तीसगढ़ के बिलासपुर स्थित खपरगंज हिंसक विवाद मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। घटना के बाद से लगातार फरार चल रहे मुख्य आरोपी राम सिंह ठाकुर को पुलिस ने मध्यप्रदेश के पन्ना जिले से गिरफ्तार कर लिया है। शनिवार को कड़ी सुरक्षा के बीच आरोपी को जिला एवं सत्र न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे न्यायिक रिमांड पर केंद्रीय जेल भेज दिया गया है।

खपरगंज विवाद के बाद से आरोपी राम सिंह लगातार पुलिस को चकमा दे रहा था। एसीसीयू (ACCU) की टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मध्यप्रदेश के पन्ना जिले के मकरी कुठार गांव में दबिश दी, जहाँ वह अपने एक दोस्त के यहाँ छिपा हुआ था।
अदालत में पेशी और जेल दाखिले के दौरान समर्थकों के विरोध या हंगामे की आशंका को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। न्यायालय परिसर से लेकर केंद्रीय जेल तक भारी पुलिस बल तैनात रहा। जेल पहुंचते ही समर्थकों ने नारेबाजी भी की, लेकिन पुलिस की मुस्तैदी के कारण स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रही।
मामले की जानकारी देते हुए बिलासपुर SSP रजनेश सिंह ने बताया कि खपरगंज हिंसक विवाद में अब तक दोनों पक्षों से करीब 30 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
पुलिस का कहना है कि घटना से जुड़े इलेक्ट्रॉनिक एविडेंस जुटाए जा रहे हैं और जब्त किए गए साक्ष्यों को जांच के लिए फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) भेजा गया है। FSL रिपोर्ट आने के बाद मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
एसएसपी ने साफ संदेश दिया है कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने और कानून हाथ में लेने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल मुख्य आरोपी के जेल जाने के बाद अब पुलिस का पूरा ध्यान फॉरेंसिक रिपोर्ट और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के जरिए मामले की अगली कड़ी जोड़ने पर है।

