बिलासपुर- साल 2026 में पूरे भारतवर्ष की तरह छत्तीसगढ़ का बिलासपुर भी अब तक भीषण और रिकॉर्ड तोड़ गर्मी का सामना कर रहा था। हालात ऐसे थे मानो लोग किसी गर्म तवे पर बैठे हों।
आज, रविवार 21 जून को भी दोपहर में बिलासपुर में ऐसी ही भीषण गर्मी और उमस रही, जिससे लोग पसीने से लथपथ हो गए और दोपहर के वक्त सड़कों पर निकलना तक मुश्किल हो गया था। लोग इस कदर परेशान थे कि कयास लगाए जाने लगे थे कि शायद इस साल मानसून आएगा ही नहीं।

“शाम होते ही बदला मौसम का मिजाज”
लेकिन शाम होते-होते मौसम ने करवट ली और बिलासपुर वासियों की उम्मीदें पूरी हुईं। मानसून ने शहर में अपनी पहली धमाकेदार दस्तक दे दी है। रविवार की शाम होते ही आसमान में घने काले बादल छा गए और देखते ही देखते झमाझम बारिश शुरू हो गई। इस बारिश से जहां तापमान में भारी गिरावट आई है, वहीं लोगों को कुछ पल के लिए ही सही, भीषण गर्मी से बड़ी राहत और ठंडक महसूस हुई है।

लोगों ने कहा कि इस बार की गर्मी ने पिछले सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए थे। ऐसा लग रहा था कि मानसून इस साल रास्ता भूल गया है लेकिन आज की झमाझम बारिश ने दिल खुश कर दिया। अब जाकर चैन की सांस मिली है।

“ड्यूटी से लौटते लोगों को हुई मशक्कत”
इस पहली बारिश से सबसे ज्यादा खुशी अन्नदाताओं यानी हमारे किसानों के चेहरे पर देखी गई। लंबे समय से सूखे खेतों को अब नई जिंदगी मिलेगी और खेती-किसानी के कामों में तेजी आएगी।
हालांकि, इस अचानक हुई तेज बारिश के कारण शाम को अपनी-अपनी ड्यूटी से घर लौट रहे कामकाजी लोगों को थोड़ी मशक्कत भी करनी पड़ी। लोग दफ्तरों और रास्तों में फंस गए और भीगते हुए अपने घरों की ओर रवाना हुए।
वहीं, मानसून की इस पहली दस्तक के साथ ही बिलासपुर के कुछ इलाकों से बिजली गुल होने की भी खबरें सामने आई हैं जिससे घरों में उमस भरी गर्मी छाई रही इस कुछ घंटे की बारिश ने एक बार फिर बिजली विभाग कि पोल खोल कर रख दिया, चंद घंटे कि बारिश होते ही बिजली विभाग अपने असली रूप में आ गए और शहर के कुछ जगहों पर घंटो बिजली गूल रही जिससे लोग बिजली विभाग के प्रति नाराज़ भी रहे।

