बिलासपुर- छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में आज सामाजिक न्याय की मांग को लेकर एक बड़ा जनसैलाब उमड़ पड़ा। यूजीसी (UGC) बिल को कड़े प्रावधानों के साथ जल्द लागू करने के समर्थन में आज SC, ST, OBC, अल्पसंख्यक महासंघ और छत्तीसगढ़िया सर्व समाज ने हुंकार भरी है।
27 फरवरी को बिलासपुर के डॉक्टर भीमराव अंबेडकर चौक पर हजारों की संख्या में लोग एकत्रित हुए। इस दौरान न केवल सभा आयोजित की गई, बल्कि एक विशाल रैली निकालकर प्रशासन के माध्यम से देश के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा गया।

प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग है कि देश में यूजीसी बिल को तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए। प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि जाति, धर्म, नस्ल, महिलाओं और दिव्यांगों के नाम पर होने वाले अन्याय को रोकने के लिए यह बिल अनिवार्य है।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर हुई जांच का हवाला देते हुए बताया गया कि SC, ST, OBC, महिलाओं और दिव्यांगों के साथ 118% जातिगत अन्याय पाया गया है।
आरोप लगाया गया कि कुछ वर्गों द्वारा विरोध और सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर इस बिल पर स्टे ले लिया गया है, जिसे तुरंत हटाया जाना चाहिए।

इस आंदोलन में छत्तीसगढ़िया सर्व समाज, सर्व आदिवासी समाज और प्रगतिशील सतनामी समाज के दिग्गजों ने शिरकत की। मुख्य रूप से श्याम मूरत कौशिक, सुरेश दिवाकर, सुभाष परते, लखन सुबोध, डॉ. रघु साहू, एडवोकेट दिलीप कौशिक, सीए विष्णु दत्त बघेल सहित भारी संख्या में मातृशक्ति और युवा कार्यकर्ता शामिल हुए।
बिलासपुर में हुए इस प्रदर्शन ने साफ कर दिया है कि आने वाले समय में सामाजिक न्याय और यूजीसी बिल को लेकर यह आंदोलन और भी उग्र रूप ले सकता है। अब देखना यह होगा कि केंद्र सरकार और राष्ट्रपति कार्यालय इस ज्ञापन पर क्या रुख अपनाते हैं।

