बिलासपुर- होली का त्योहार केवल रंगों का खेल नहीं, बल्कि प्रेम और खुशियाँ बांटने का पर्व है। इसी भावना को चरितार्थ किया है बिलासपुर की ‘फ्रेंड्स ऑफ शान कम्युनिटी’ ने। संस्था के सदस्यों ने ‘आनंद निकेतन आश्रम’ पहुँचकर वहां के बच्चों के साथ न केवल होली खेली, बल्कि उनके जीवन में खुशियों के चटख रंग भी भरे।
बिलासपुर के आनंद निकेतन आश्रम में इस बार होली का नजारा कुछ खास था। ‘फ्रेंड्स ऑफ शान कम्युनिटी’ की टीम यहाँ ढेरों उपहार और ढेर सारा प्यार लेकर पहुँची। संस्था द्वारा यहाँ रहने वाले 50 से अधिक बच्चों को विशेष ‘होली किट’ वितरित की गई।
बच्चों के उत्साह को दोगुना करने के लिए इस किट में पिचकारी, गुलाल और टोपी के साथ-साथ खाने-पीने का भी पूरा इंतजाम था। बच्चों ने गरमा-गरम समोसे, लड्डू, इमरती और जूस का लुत्फ उठाया। रंग-बिरंगे गुलाल और नई पिचकारियों को पाकर बच्चों के चेहरों पर जो मुस्कान खिली, उसने इस आयोजन को सफल बना दिया।
संस्था का मुख्य उद्देश्य उन बच्चों के जीवन में खुशियाँ लाना है, जो अक्सर मुख्यधारा के उत्सवों से वंचित रह जाते हैं।
इस दौरान संस्था के अध्यक्ष शशि सिंह सिसोदिया, सचिव पुष्पा मिश्रा कोषाध्यक्ष प्रीति पटेल, पीआरओ वर्षा तिवारी, एडवाइज़र संध्या सिंह चौहान सहित आरती द्विवेदी, प्रीत साहू और आश्रम के समस्त कार्यकर्ता मौजूद रहे।
फ्रेंड्स ऑफ शान कम्युनिटी का यह प्रयास हमें याद दिलाता है कि त्योहारों का असली आनंद अपनों के साथ-साथ दूसरों की मदद करने और उन्हें खुश रखने में ही है। आश्रम के बच्चों के बीच मनाई गई यह होली समाज के लिए एक प्रेरणा है।
बिलासपुर की ‘फ्रेंड्स ऑफ शान कम्युनिटी’ ने आनंद निकेतन आश्रम के बच्चों के साथ मनाई होली। 50 से अधिक बच्चों को पिचकारी, मिठाई और रंगों की किट भेंट की गई। बच्चों की हंसी और उत्साह ने इस दिन को यादगार बना दिया।

