कोरबा- नगर पंचायत करतला के सामुदायिक भवन में संत रामपाल जी महाराज के सानिध्य में जिला स्तरीय आध्यात्मिक सत्संग एवं एक जोड़ी अंतर्जातीय विवाह का आयोजन रखा गया ।
शादी जोड़ों के नाम है
भक्तमती दामिनी महंत पिता रूपदास महंत, उम्र 25 ,ग्राम- चचिया ,जिला कोरबा के साथ भक्त देवेंद्र चौहान पिता तेजराम चौहान,उम्र – 26 ग्राम – छिलपावन जिला महासमुंद।
का एक जोड़ी अंतर्जातीय दहेज मुक्त विवाह संपन्न हुआ। इस विवाह में वर- वधू के माता-पिता एवं रिश्तेदार सम्मिलित हुए। दहेज मुक्त विवाह एक नई पहल की तरह उभर रहा है, जो समाज से दहेज प्रथा जैसी कुरीति को जड़ से खत्म करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। संत रामपाल जी महाराज के अनुयायियों के द्वारा कबीर गुरुवाणी “रमैणी” विवाह संपन्न कराया जाता है। यह एक विशेष विवाह पद्धति है जिसमें के मात्र 17 मिनट में दहेज मुक्त विवाह सम्पन्न हो जाता है।
– *दहेज मुक्त विवाह*: इन विवाहों में दहेज का कोई लेन-देन नहीं होता है, जिससे गरीब परिवारों पर आर्थिक बोझ कम होता है।
– *सादगीपूर्ण समारोह*: विवाह समारोह पूरी तरह से सादगीपूर्ण होता है, जिसमें कोई आडंबर या दिखावा नहीं होता है।
– *शास्त्र आधारित*: यह विवाह पद्धति शास्त्रों पर आधारित है, जो इसे और भी विशेष बनाती है। जिसमें 33 करोड़ देवी देवताओं का आह्वान करते हुए मात्र 17 मिनट में शादी संपन्न हो जाती है।
*दहेज प्रथा का उन्मूलन*: संत रामपाल जी महाराज की इस पहल से समाज में दहेज प्रथा के खिलाफ जागरूकता बढ़ रही है।
– *नई पीढ़ी के लिए उदाहरण*: यह दहेज मुक्त विवाह नई पीढ़ी के लिए एक अच्छा उदाहरण पेश कर रहे हैं।
– *समाज में एकता और सौहार्द*: यह पहल समाज में एकता और सौहार्द को बढ़ावा दे रही है।
संत रामपाल जी महाराज की दहेज मुक्त विवाह पहल एक सराहनीय प्रयास है, जो समाज से दहेज प्रथा जैसी कुरीति को खत्म करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। संत रामपाल जी महाराज के आध्यात्मिक कार्यक्रम में जगतदास महंत, अजय कुर्रे, धरमदास, सुमरन सिंह कंवर, इतवारी साहू, दिलीप बारेठ एवं हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

