बिलासपुर- लोक आस्था के महापर्व छठ पुजा को लेकर आज के तोरवा छठ घाट पर पाटलिपुत्र संस्कृति विकास मंच एवं भोजपुरी समाज द्वारा एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। 27 अक्टूबर से शुरू हो रहे इस चार दिवसीय महापर्व को इस वर्ष अब तक का सबसे भव्य और सुव्यवस्थित आयोजन बनाने का संकल्प लिया गया है।

“एशिया के सबसे बड़े घाट पर जुटेंगे 60 हज़ार श्रद्धालु”
समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि तोरवा छठ घाट एशिया का सबसे बड़ा स्थायी छठ घाट है। इसकी महत्त्व को देखते हुए देशभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां छठ पूजा में सम्मिलित होने आते हैं। समिति के अनुमान के अनुसार, इस वर्ष लगभग 50,000 से 60,000 की विशाल जनसंख्या छठी मैया की पूजा कर सूर्य देव को अर्घ्य देने के लिए पहुँचेगी।

“बैठक में जुटी सैकड़ों की भीड़, व्यवस्था पर मंथन”
आज की अहम बैठक में सैकड़ों की संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे, जिन्होंने आगामी आयोजन को सफल बनाने के लिए समिति के समक्ष अपनी-अपनी महत्वपूर्ण राय रखी। समिति के लोगों ने कहा कि अरपा नदी तट पर आयोजित होने वाले छठ महापर्व को सुरक्षित, स्वच्छ और भव्य बनाना ही उनका मुख्य उद्देश्य है।

“मुख्य आयोजन और व्यवस्थाएँ”
छठ महापर्व की शुरुआत 27 अक्टूबर को नहाए-खाए से होगी, जिसके बाद खरना, संध्या अर्घ्य और उषा अर्घ्य दिया जाएगा। इस दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए निम्नलिखित व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी:
सुरक्षा व्यवस्था: घाट पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
सफाई और सुविधा: घाट की साफ-सफाई, शुद्ध जल की व्यवस्था और प्राथमिक चिकित्सा केंद्र का निर्माण किया जाएगा।
पार्किंग और प्रबंधन: लोगों को असुविधा से बचाने के लिए पार्किंग व्यवस्था, प्राथमिक चिकित्सा केंद्र और खोया-पाया केंद्र भी स्थापित किए जाएंगे।
खास सुविधा: वीवीआईपी और वीआईपी गेट्स के लिए विशेष व्यवस्था की जाएगी।
सरकारी सहयोग: इस पूरे कार्यक्रम के दौरान जिला प्रशासन एवं नगर निगम की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी।

पार्किंग की कमी, लेकिन उत्साह अधिक
समाज सेवक प्रवीण झा ने मीडिया को संबोधित करते हुए बताया कि पहले की तुलना में इस वर्ष पार्किंग स्थल में कुछ कमी आई है, लेकिन इसे व्यवस्थित कर लिया जाएगा। उन्होंने सभी से सहयोग की अपील की।
“25 वर्ष पूरे होने पर आयोजन होगा ‘खास”
समाज सेवी प्रवीण झा ने आगे कहा कि इस वर्ष बिलासपुर में छठ महापर्व के 25 वर्ष पूरे हो रहे हैं, जिसके कारण यह आयोजन और भी ज्यादा खास होने वाला है। हालाँकि उन्होंने विशेष कार्यक्रम के बारे में खुलकर जानकारी नहीं दी, लेकिन इतना संकेत ज़रूर दिया कि समिति ने इस अवसर को यादगार बनाने के लिए कुछ विशेष योजनाएं तैयार की हैं।
सभी सुझावों पर विचार करते हुए, समिति ने इस वर्ष के छठ महापर्व को अब तक का सबसे भव्य और सुव्यवस्थित आयोजन बनाने का संकल्प लिया है।

