बिलासपुर- बिलासपुर प्रेस क्लब द्वारा आयोजित विशेष कार्यक्रम ‘हमर पहुना’ में बिलासपुर के पूर्व विधायक एवं वरिष्ठ कांग्रेसी नेता शैलेश पांडेय शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने अपने जीवन के विभिन्न अनुभवों को साझा करते हुए शिक्षा, राजनीति, बिलासपुर शहर के विकास, एयरपोर्ट विस्तार, अरपा नदी संरक्षण तथा बिजली व्यवस्था जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर बेबाकी से अपनी बात रखी।

पत्रकारों एवं गणमान्य नागरिकों को संबोधित करते हुए शैलेश पांडेय ने कहा कि राजनीति में पद महत्वपूर्ण नहीं होता, बल्कि जनता के लिए धरातल पर किया गया काम ही सबसे बड़ी पहचान होता है।
उन्होंने अपने 20 वर्षों के शैक्षणिक करियर और जनसेवा के सफर को याद करते हुए कहा कि राज्य गठन के बाद शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों तक कंप्यूटर शिक्षा पहुंचाने में उन्होंने अहम योगदान दिया है।

“बिलासपुर पूर्व विधायक शैलेश पांडेय का बयान”
“छत्तीसगढ़ में बीजेपी शासनकाल के दौरान बिलासपुर के विकास के लिए बड़े-बड़े दावे किए गए, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई ठोस काम नहीं हुआ। ₹22 करोड़ की लागत से बनने वाले 132 KV सब-स्टेशन के लिए 3 साल में जमीन तक उपलब्ध नहीं कराई जा सकी। आज बिलासपुर के जनप्रतिनिधि खामोश हैं और जनता की समस्याओं पर एक सवाल तक नहीं उठाते। जब विधायकों की आवाज ही शून्य होगी, तो शहर आगे कैसे बढ़ेगा?”
शैलेश पांडेय ने कहा कि राजनीति में सेवा भाव और पारदर्शिता होना अत्यंत आवश्यक है। बिलासपुर के सर्वांगीण विकास के लिए हवाई सेवा का विस्तार, अरपा नदी का संरक्षण और निर्बाध बिजली आपूर्ति सबसे प्राथमिक आवश्यकताएं हैं। उन्होंने युवाओं से भी अपील की कि वे अपने क्षेत्र के विकास में सकारात्मक और सक्रिय भागीदारी निभाएं।
कोरोनाकाल में मैनें लोगों कि हजारों लोगों को जब राशन बाँटा तो मेरे उपर एफ आई आर हुआ लेकिन वो मेरे लिए मेडल के समान था मैं कभी भी कोरोनाकाल को नहीं भूल पाऊंगा इससे मैनें बहुँत कुछ सिखा है!
इस अवसर पर बिलासपुर प्रेस क्लब के अध्यक्ष अजीत मिश्रा,पूर्व अध्यक्ष वीरेंद्र गहवाई, उपाध्यक्ष विजय क्रांति तिवारी, सह-सचिव हरि किशन गंगवानी व समस्त कार्यकारिणी तथा बड़ी संख्या में वरिष्ठ पत्रकारगण उपस्थित रहे।

